गणेश चतुर्थी के अवसर पर आज पूरे देश में गणेश महोत्सव का शुभारंभ हो गया है। कहीं शोभा यात्रा निकाली गई तो कहीं कलश यात्रा। इसके बाद वैदिक मंत्रोचारों के बीच गणेश की प्रतिमा स्थापित की गई। पंडाल गणपति बप्पा मोरया के जयकारों से गूंजायमान रहा। कई जगहों पर शोभा यात्रा निकाली गई। लोगों ने पुष्पवर्षा कर यात्रा का स्वागत किया। घरों में भी गणपति की पूजा अर्चना कर सुख समृद्धि की कामना की गई।
तीर्थ नगरी में प्रथम पूजनीय भगवान की गूंजी जयकार
गणेश चतुर्दशी पर आज तीर्थ नगरी ऋषिकेश में प्रथम पूजनीय भगवान श्रीगणेश की जय-जयकार शुरू हो गई है। इस दौरान जहां बाजारों में रौनक देखने को मिली, वहीं लोगों ने विधि विधान के साथ गणपति को स्थापित किया। पर्व पर महापौर अनीता ममगाईं ने नगर वासियों को गणेश चतुर्थी की बधाई दी है। देशभर के साथ देवभूमि में भी रिद्धि-सिद्धि के दाता श्रीगणेश मंगलवार को घर-घर विराजे।
गणपति बप्पा से की गई मंगल की कामना
तीर्थ नगरी में महापौर अनीता ममगाईं ने आर्दश ग्राम पुष्कर मंदिर में एवं श्री गणपति सेवा मंडल द्वारा आयोजित कार्यक्रम में शिरकत कर गणपति बप्पा की पूजा अर्चना कर सुख और सृमद्धि की मंगल कामना की। शहर में गणेश उत्सव को लेकर श्रद्धालुओं में हर्ष और उल्लास है।
भगवान गणपति के जन्मोत्सव के रूप में जाना जाता है गणेश चतुर्थी
भगवान गणेश के जन्म उत्सव को गणेश चतुर्थी के रूप में जाना जाता है। उधर श्री गणेश चतुर्थी पर्व के मौके पर श्रद्धालुओं ने घरों में ही भगवान गणपति की प्रतिमा की स्थापना की। श्रद्धालुओं ने आस्था और विश्वास के साथ भगवान गणेश की स्तुति की।
